राजधानी लखनऊ में इंदिरानगर सेक्टर-आठ में सोमवार शाम वीटू रेस्टोरेंट एंड बैंक्वेट में भीषण आग लग गई। हादसा एसी में शॉर्ट सर्किट के कारण हुआ। खास बात यह है कि आवास विकास परिषद की ओर से सील किए जाने के बावजूद रेस्टोरेंट में व्यावसायिक गतिविधियां चल रही थीं। दमकलकर्मियों ने चार गाड़ियों की मदद से आग पर एक घंटे में काबू पाया।
राहत की बात यह थी कि हादसे के वक्त रेस्टोरेंट में कोई नहीं था। आसपास के लोगों ने बताया कि रेस्टोरेंट में आग लगने के बाद धुआं और लपटें उठती देख अफरातफरी मच गई। घटना की सूचना पर एफएसओ इंदिरानगर चार गाड़ियों और टीम के साथ पहुंचे। चौकी इंचार्ज भी टीम लेकर आ गए। इसके बाद बचाव कार्य शुरू किया गया।
धुआं भरने से प्रभावित हुआ राहत कार्य
रेस्टोरेंट में धुआं भर जाने से दमकलकर्मियों को आग बुझाने में काफी परेशानी हुई। इसके बाद कर्मचारियों ने ब्रीथिंग ऑपरेटिंग सेट पहनकर दोबारा आग बुझानी शुरू की। करीब एक घंटे में आग पूरी तरह से बुझा ली गई। मौके पर पहुंची पुलिस ने रेस्टोरेंट के दो मालिकों को फटकार लगाई।
इंस्पेक्टर इंदिरानगर अजय नारायण सिंह ने बताया कि अभी किसी की ओर से कोई तहरीर नहीं मिली है। एफएसओ पशुपतिनाथ मिश्रा ने बताया कि बिल्डिंग को आवास विकास परिषद ने सील किया था। घटना में कोई जनहानि नहीं हुई है।
इमारत सील करके भूल गए अफसर
आवास विकास परिषद की जानकारी के अनुसार आवासीय निर्माण पर स्वीकृत कराए मानचित्र पर रेस्टोरेंट का निर्माण कराया गया था। इस कारण तीन जुलाई को इसे सील कर दिया गया। बावजूद इसके मालिक चोरी छिपे रेस्टोरेंट चला रहे थे।
रेस्टोरेंट के बाहर लगाई पट्टी के नीचे से निकलकर लोग अंदर प्रवेश करते थे। यहां अक्सर पार्टियां होती थीं। रविवार को भी रेस्टोरेंट में पार्टी हुई थी। आसपास के लोगों का कहना था कि अगर आवास विकास के अफसर लापरवाही न बरतते तो हादसा बच सकता था। पुलिस का कहना है कि मामले की जांच की जा रही है।