खबर – अली हैदर :- लखनऊ। 10 मुहर्रम के अवसर पर राजधानी लखनऊ के बुलाकी अड्डा क्षेत्र में हर वर्ष की तरह इस बार भी शर्बत व ठंडे पानी की सबील लगाई गई। आयोजकों के अनुसार यह सबील डॉ. अज़ीज़ अहमद साहब के इसाल-ए-सवाब तथा कर्बला के 72 शहीदों की याद में वर्षों से लगाई जाती रही है। कर्बला की शहादत की याद में सबील के माध्यम से लोगों को पानी और शर्बत वितरित किया गया।10 The Times of Indiaबताया गया कि इस परंपरा के आयोजन में मोहम्मद तौहीद अहमद (राजाजीपुरम) की विशेष भूमिका रहती है। तौहीद अहमद का कहना है कि यह सबील किसी एक समुदाय के लिए नहीं, बल्कि सभी धर्मों और सभी लोगों के लिए होती है। उन्होंने कहा कि इंसानियत, भाईचारे और आपसी सौहार्द का संदेश देना ही इस सेवा का मुख्य उद्देश्य है।सबील पर बड़ी संख्या में लोगों ने पहुंचकर शर्बत और पानी ग्रहण किया तथा आयोजकों के इस सामाजिक और मानवीय प्रयास की सराहना की। मुहर्रम के अवसर पर सबील लगाने की परंपरा को सेवा, मानवता और कर्बला के शहीदों की याद ↓ से जोड़कर देखा जाता है।”

