यूपी के बाराबंकी में फतेहपुर कोतवाली क्षेत्र में एक हिंदू किशोरी का यौन उत्पीड़न, गर्भपात और धर्मांतरण कर जबरन निकाह कराने के आरोप में सिपाही आसिफ और उसके दोस्त जावेद सहित चार नामजद व आठ अन्य पर बृहस्पतिवार शाम रिपोर्ट दर्ज की गई है। पुलिस दो लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ कर रही है। नामजद सिपाही पुलिस कार्यालय में तैनात है, जिसे हटाकर पुलिस लाइन भेजने की चर्चा है।
फतेहपुर कोतवाली क्षेत्र की एक महिला के अनुसार उनके पति की काफी दिन पहले मृत्यु हो चुकी है। वह अपनी पुत्री के साथ रहती हैं। पुत्री की जन्म तिथि चार फरवरी 2008 है। महिला का आरोप है कि वर्ष 2024 में फतेहपुर कोतवाली में तैनात कांस्टेबल आसिफ ने पुत्री से संपर्क कर उसके यौन उत्पीड़न का प्रयास किया।
कई बार फोन पर धर्म परिवर्तन कराने की कोशिश की। पुत्री के मना करने पर गरीबी का फायदा उठाने का कुत्सित प्रयास किया। सिपाही पैसों का लालच देकर धर्मांतरण करने के लिए प्रेरित करने लगा। इसके लिए आसिफ ने सऊदी अरब में रहे फतेहपुर कोतवाली क्षेत्र के ही बसारा गांव निवासी जावेद से बात करवाई।
दवा खिलाकर गर्भपात करा दिया
जावेद ने पुत्री को धर्मांतरण के लिए प्रेरित करना शुरू कर दिया। जावेद ने धीरे-धीरे इंस्टाग्राम पर संपर्क स्थापित कर उसका ब्रेन वास कर दिया। जावेद सऊदी अरब से लौटा और दो जनवरी 2026 को पुत्री से संपर्क कर अपने साथ ले जाकर उसका यौन उत्पीड़न किया और मुस्लिम धर्म अपनाने की शिक्षा दी। इस दौरान पुत्री दो बार गर्भवती हुई, जिसे दवा खिलाकर गर्भपात करा दिया गया।
जबरदस्ती जावेद से करा दिया निकाह
कुछ दिन पहले उसकी पुत्री को जावेद अपने बहनोई सफदरगंज थाना क्षेत्र के चक गांव निवासी रेहान, शहर कोतवाली के कानून गोयान निवासी हमजा के साथ मसौली बाजार स्थित मजार पर ले गए। यहां मौलाना ने 7-8 साथियों के साथ आकर उनकी पुत्री का निकाह जबरदस्ती जावेद से करा दिया। एएसपी विकास चंद्र त्रिपाठी ने बताया कि रिपोर्ट दर्ज कर ली गई है। कुछ लोगों को हिरासत में लेकर पूछताछ की जा रही है। पीड़िता का बयान कराया जा रहा है।